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इंसानी भेदभाव व दुश्मनी… जिम्मेदार शायद हम खुद||

Mona Kapoor   23 views   1 month ago

समाज में आपसी सहयोग व एकता को बढ़ावा देने के लिए पहला सहयोग हमारा स्वयम का ही होना चाहिए ।

" एक उलझी सी पहेली "

Neha Neh   165 views   4 months ago

एक खूबसूरत सी कहानी जो जरूर आपको कुछ सीखा कर जायेगी।

वो चाय आज भी ड्यू है. (स्मृति शेष)

rgsverma   226 views   5 months ago

मैं अवाक रह गया पर उन्होंने आगे बताया कि , "इंटरव्यू उनका लिया जाता है जिनसे हम अपरिचित हों, न मेरी तुमसे कोई रिश्तेदारी है, न कोई व्यक्तिगत परिचय, पर तुम गज़ब लिखते हो, दिल से लिखते हो, सो भूल जाओ कि मैंने तुम पर कोई अहसान किया है. चयन तो तुम्हारा ही होना था, ..." मैं नि:शब्द हो गया.

ईश्वर के होने का प्रमाण ( कहानी )

dhirajjha123   19 views   8 months ago

एक समय एक बहुत ही पहुँचे हुए संत हुआ करते थे । हर गाँव हर जगह घूम घूम कर ज्ञान बाँटते और लोगों का ध्यान ईश्वर की तरफ आकर्षित करते । बड़ा।नाम था उनका । उनके प्रवचन को सुनने के लिए लोग सारे काम धंधे छोड़ कर आ जाया करते ।

वंशवृद्धि ..... एक पहल !

nehabhardwaj123   71 views   4 months ago

ये कहानी है रश्मि की हो अपनी गर्भावस्था में बेटे और बेटी के फेर में उलझी है, पर उसके पति का साथ मिलने पर, कैसे वो ...... अपनी सास की मानसिकता को बदलने में सक्षम हो पाती है।

कप्तान/कोच

kumarg   151 views   1 month ago

कुछ ही समय बाद वो फिर से मैदान पर था अबकि बार कोच की भूमिका में।

“…और मैं अनूप जलोटा का सहपाठी भी था।”

Mohit Trendster   199 views   1 month ago

नशे से नज़र ना हटवा सके… उन ज़ख्मों पर खाली वक़्त में हँस लेता हूँ, मुफ़लिसी पर चंद तंज कस देता हूँ… बरसों से एक नाव पर सवार हूँ, शोर ज़्यादा करती है दुनिया जब… उसकी ओट में सर रख सोता हूँ।

निश्चय

kavita   636 views   1 month ago

बाल विवाह की कुप्रथा से मुक्त होते एक निम्नवर्गीय परिवार की कथा

लाल चच्चा

abhi92dutta   61 views   7 months ago

मिट्टी के तन का सदुपयोग । जीवन के सोच को बदलते हुए

चलने का नाम ज़िन्दगी

suryaa   214 views   5 months ago

मुहब्बत में धोखा ख़ाने के बाद दुनिया से लड़कर सफ़ल होने वाली एक लड़की के सफ़र को दर्शाती हुई कहानी

रंगीन लिबास

abhidha   142 views   9 months ago

विक्रम हॉस्पिटल से अपने फ्लैट पर लौट आया।खाना खाने का मन नहीं था, चुपचाप रेडियो चलाया और बिस्तर पर लेट गया। रेडियो पर गाना बज रहा था- 'मैं कहीं कवी न बन जाऊँ तेरे प्यार में ऐ कविता' अबकी बार विक्रम ने अपने कान बंद कर लिए थे।।

मुसीबत का नाम है जिंदगी

harish999   40 views   9 months ago

जिंदगी मुसीबतों से निकलकर निखरती, मुस्कराती है. इसलिए हंसते-मुस्कराते हुए खुद को तैयार करते रहिए आने वाली मुसीबतों से लड़ने के लिए.

श श श... सो रहा है देश मेरा

abhidha   47 views   9 months ago

अब लिखने वाले की जात मत पूछना चुपचाप सो जाओ सब.... श...श..श... सो रहा है देश मेरा कृपया हॉर्न तो बिलकुल ही न बजाएं।।

ललक

kumarg   277 views   3 months ago

नाक सिकोड़ते हुए बोली "ठीक है कल से कापी पेंसिल लेकर आ जाना। " बड़े ने प्रतिवाद किया "उसमें बहुत खर्चा है ऐसे ही आप जो बोर्ड पर लिखेंगी वही पढ़ लेगा। ज्यादा नहीं पढ़ना है हिसाब बाड़ी लायक पढ़ जाए बस। "

दो लक्ष्मीयों के बाद कुबेर तो आते ही है.

Maneesha Gautam   590 views   1 month ago

आज हम लोग शरद के घर गए थे चौक की पूजा में, सब लोग वहाँ बहुत खुश थे।