SHAYARI

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"लिख दूँ"!!!

ayushjain   19 views   1 year ago

"सोचता हूँ लिख दूँ खुद को दिल खोल कर फिर सोचता हूँ रहने दूँ......

Child trafficking

mitikaarora   17 views   1 year ago

When the so called fish markets started selling the tiny tots, the virtual reality of the age of vice was clearly seen.

गुमगश्त सी खामोशियाँ

nis1985   39 views   1 year ago

चलो एक ऐसे जहाँ, जहा बस सुकूँ मिले, करके आलिंगन तुम, मिटा दो सारे गिले......

खाना ठंडा हो रहा है…

Mohit Trendster   169 views   1 year ago

काश की आह नहीं उठेगी अक्सर, आईने में राही को दिख जाए रहबर, कुछ आदतें बदल जाएं तो बेहतर, दिल से लगी तस्वीरों पर वक़्त का असर हो रहा है… …और खाना ठंडा हो रहा है।

मुंतजिर

utkrishtshukla   36 views   1 year ago

इंतज़ार करना हर शख्श के लिए आसान नहीं ......

कांच हु अभी....

nis1985   67 views   1 year ago

कांच हूँ अभी,खुद को तराशना है बाकी, जब आइना बन जाऊं,तब दुनिया देखेगी......

दरकते एहसास

nis1985   51 views   1 year ago

दरकते एहसासों को एक साँस मिल गयी, तुमसे मिलन की फिर आस बढ़ गयी.....

मंजिल

nis1985   23 views   1 year ago

हृदय आतुर है कुछ कर जाना है, जीवनपथ पे आगे बढ़ जाना है....

हादसा

sonikedia12   26 views   1 year ago

बिना वक्त मुकर्रर के आ जाते हो

Life

sonikedia12   15 views   1 year ago

ठोकर सिर्फ पत्थरों से नहीं लगती

जिंदगी का फलसफा

nis1985   442 views   1 year ago

धुआँ धुआँ सा है जहाँ, रौशनी बहुत कम है.....

पैमाने के दायरों में रहना... (नज़्म) #ज़हन

Mohit Trendster   78 views   1 year ago

पैमाने के दायरों में रहना, छलक जाओ तो फिर ना कहना… साँसों की धुंध का लालच सबको, पाप है इस दौर में हक़ के लिए लड़ना… अपनी शर्तों पर कहीं लहलहा ज़रूर लोगे, फ़िर किसी गोदाम में सड़ना…

दो नैनों की बात कई

jhalak   11 views   1 year ago

जीवन के कई सत्य तो इस हाढ मांस के देह में ही है

क्या कहूँ

sonikedia12   19 views   1 year ago

आँखों से मुलाक़ात हुई थी धड़कनों ने इजहार किया था

दिल का हाल

rashmi   15 views   1 year ago

कल्ब में बसी चाहत को कहाँ कोई जान पाता है..बस इसी दर्द को शायरी में लिखने की कोशिश