RELATIONSHIP

FILTERS


LANGUAGE

82 kg एक सच्ची प्रेम कहानी (2)

kavita   721 views   4 months ago

बचपन के अल्हड़ प्रेम की , परिस्थितियों के भंवर में भी न टूटने की कहानी

82 kg एक सच्ची प्रेम कहानी (1)

kavita   959 views   4 months ago

बचपन का अल्हड़ प्रेम जो ,परिस्थितियों के भंवर में उलझ कर भी टूट न सका

माँ की पदवी

kavita   1.37K views   6 months ago

सास बहू अनबन पर आधारित लघुकथा, जिसमें ननद का सकारात्मक रूप , नवीन विषय

मेरी वो दुनिया(भाग 2)

gauravji   70 views   8 months ago

बीच मझधार में डूबती-उबरती प्रेम की दास्तां।

रेत की सिलवटें

Akash Gaurav   252 views   10 months ago

वो उजली सुबह जो वक्त अंधेरों से लड़ रही थी, एक शाम स्याह होकर रात बन गई और अपने ही अंधेरे में गुम हो गई।

नोंक-झोंक

sachinomgupta   722 views   7 months ago

पति-पत्नी के कुछ अनचाहे झगडे को लिखा है, जिसमे पति को ज्यादा बोलने की इजाजत नहीं है।

दीवाली और वो ख्वाब

ritumishra20   103 views   9 months ago

रूहानी और सच्चे प्रेम की एेसी कहानी जहां उम्र की कोई सीमा नहीं है लेकिन सामाजिक मूल्यों को स्वीकारती ये प्रेम कहानी केवल एक एहसास और ख्वाब बन के रह जाती है

सहारा

mmb   134 views   1 year ago

परिवार के दायित्व से मुख मोड़ते युवा

नियति

kavita   1.87K views   8 months ago

प्रेम में लंबी प्रतीक्षा के बाद , बंजर धरती पर प्रेम सिंचन की अद्भुत कथा..!

यही तो इश्क है भाग-९

nis1985   464 views   8 months ago

मेरी आँखों का तारा, मेरा राजदुलारा है तू, मेरे बेटे इस जीवन से भी प्यारा है तू....! नाजो से पाला आँचल के तले सुलाया है तुझे, मेरी उम्मीद और इस घर का उजाला है तू....!!

यही तो इश्क है भाग-८

nis1985   145 views   8 months ago

मंदिरी और आनंद की वो इश्क वाली नोकझोंक चल ही रही थी, हाय! उससे इश्क का रंग और भी गहरा हो रहा था दोनों के बीच

यह कैसा बधावा? ज़रूरत या दिखावा!

rita1234   1.24K views   4 months ago

आज हम एक दिखावटी समाज में जी रहें हैं। यह भवना इतनी गहरी हो चुकी है कि कुछ बेटिया ससुराल में दिखावे के लिए अपने मायके से वक्त बेवक्त डिमांड करती रहती हैं और वे बिचारे भी बेटी का ससुराल है सोच कर किसी तरह उसकी मांगों को पूरा करते रहते हैं।

पुनरावृत्ति

Priti Mishra   1.64K views   4 months ago

हम जो अपने माँ-पिता के साथ करते हैं वही हमारे बच्चे हमारे साथ करते हैं फिर हम इतने व्यथित क्यों हो जाते हैं

तलाक्नामा

Manju Singh   1.22K views   4 months ago

पति पत्नी का रिश्ता सब रिश्तों से अलग एक ऐसा रिश्ता है जिसे तोड़ पाना इतना आसान नहीं होता। यह रिश्ता अनोखा है कभी गुस्सा तो कभी प्यार।

नहीं बदलेंगे वो

rajmati777   1.00K views   6 months ago

मैं मीशा,सीधी सादी औरत, उच्च शिक्षा प्राप्त, फिर भी न कोई अंहकार है मुझमें। जैसे चाहे उसी परिस्थिति में ढल जाने वाली खामोश आत्मा।