INSPIRATIONAL

FILTERS


LANGUAGE

चलने का नाम ज़िन्दगी

suryaa   305 views   11 months ago

मुहब्बत में धोखा ख़ाने के बाद दुनिया से लड़कर सफ़ल होने वाली एक लड़की के सफ़र को दर्शाती हुई कहानी

गुलाम-ए-हिन्द (करगिल काव्य श्रद्धांजलि)

Mohit Trendster   10 views   11 months ago

छंट गया सुर्ख धुआं कब का....दब गया ज़ालिम शोर .... रह गया वादी और दिलो में सिर्फ....Point 4875 से गूँजा "Yeh Dil Maange More!!" ज़मी मुझे सुला ले माँ से आँचल में ....और जिया तो मालूम है ... अपनी गिनती की साँसों में यादों की फांसे चुभ जानी ... रूह गुलाम-ए-हिन्द दिवानी....

वो चाय आज भी ड्यू है. (स्मृति शेष)

rgsverma   263 views   11 months ago

मैं अवाक रह गया पर उन्होंने आगे बताया कि , "इंटरव्यू उनका लिया जाता है जिनसे हम अपरिचित हों, न मेरी तुमसे कोई रिश्तेदारी है, न कोई व्यक्तिगत परिचय, पर तुम गज़ब लिखते हो, दिल से लिखते हो, सो भूल जाओ कि मैंने तुम पर कोई अहसान किया है. चयन तो तुम्हारा ही होना था, ..." मैं नि:शब्द हो गया.

आसमान बोलता है !

sunilakash   11 views   1 year ago

विश्वास है इंसान का, जो विपदाओं मॆं डोलता है।

......इंतजार करना

rashmi   25 views   1 year ago

किसी को खामोश़ या बेबस समझ अक्सर लोग उसका फायदा उठाकर चले जाते है या बार बार उसे परेशान करते है जैसे कि वो कुछ प्रतिक्रिया कभी देगा ही नहीं. एेसी ही परिस्थिति में उस बेबस के मन के भाव जब उसकी खामोशी टूटने को तैयार हो जाती है.

ग़ज़ल-"बेकार की बातें न कर..."

sunilakash   20 views   1 year ago

व्यवस्था में विष घोलकर, उद्धार की बातें न कर।

बौड़मसिंह मर गया

sidd2812   56 views   1 year ago

बौड़म जलेबी खाने से मर गया? वाकई?

रूपया बोलता है

rashmi   9 views   1 year ago

धन की अधिकता और दुरूपयोग पर रूपये की ओर से इंसान को समझाने की कोशिश

A lesson from the Mute

Alankrita Tiwari   14 views   1 year ago

This article talks about the baseless divisons our society has been segregated into. A division that is purely man-made.

Silent Cries

troubleseeker11   3 views   1 year ago

This poem is an attempt to spread awareness about the atrocities faced by women in this modern age.

"thin strings left me paralysed"

Shreya Dubey   10 views   1 year ago

This is a fiction story which will surely increase your heartbeat.

मेरा देश बदल रहा है....

Shyam Tiwary   10 views   1 year ago

मेरा देश बदल रहा है मेरी खुद की नजरिया है.... मैंने खुद आंखों से देख रहा हूं जो चीज तारीफ के काबिल होती है उनकी तारीफ करनी चाहिए....

भूखें मरते हम

utkrishtshukla   58 views   1 year ago

दुनिया भर में जितना भोजन बनता है, उसका एक तिहाई भोजन बर्बाद हो जाता है।

शब्दों का महत्व

udyalkarai   64 views   1 year ago

एक उभरती लेखिका का निवेदन इस समाज के हर व्यक्ति से।

उसे पढ़ना है

poojaomdhoundiyal   12 views   1 year ago

जहाँ हम शिक्षा में अंकों और प्रतिस्पर्धा की बहस में लगे हुए हैं वहीँ कुछ मासूम ऐसे भी हैं जो पढ़ना चाहते हुए भी नहीं पढ़ पा रहे हैं। शिक्षा ही एकमात्र ऐसा अचूक बाण है जो हर बुराई हर नफरत हर भ्रष्टाचार, आतंकवाद ,हर असमानता , हिंसा या अमानवता को समाप्त कर सकती है।