INSPIRATIONAL

माँ

Nidhi Bansal   58 views   5 days ago

माँ की ममता उस का प्यार,कोई समझे कैसे उसको,माँ की महिमा है अपार

कप्तान/कोच

kumarg   113 views   6 days ago

कुछ ही समय बाद वो फिर से मैदान पर था अबकि बार कोच की भूमिका में।

"गुड्डू"

shivamtiwari   586 views   1 week ago

कहानी एक ऐसे लड़के की जो अपनी खामियों को अपनी मजबूती बनाना चाहता है।

बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ… उसके बाद क्या????

Mona Kapoor   18 views   1 week ago

बेटी को बचाकर व उसे पढ़ाना ही केवल आवश्यक नही है उसे समाज में एक ऊँचा दर्जा देना भी अति आवश्यक है।

इंसानी भेदभाव व दुश्मनी… जिम्मेदार शायद हम खुद ।।

Mona Kapoor   11 views   1 week ago

समाज में आपसी सहयोग व एकता को बढ़ावा देने के लिए पहला सहयोग हमारा स्वयम का ही होना चाहिए ।

“…और मैं अनूप जलोटा का सहपाठी भी था।”

Mohit Trendster   177 views   2 weeks ago

नशे से नज़र ना हटवा सके… उन ज़ख्मों पर खाली वक़्त में हँस लेता हूँ, मुफ़लिसी पर चंद तंज कस देता हूँ… बरसों से एक नाव पर सवार हूँ, शोर ज़्यादा करती है दुनिया जब… उसकी ओट में सर रख सोता हूँ।

पढ़ी लिखी घरेलू बहू !!

nehabhardwaj123   1.44K views   3 weeks ago

ये कहानी है सुनीता जी की जिनकी सोच अपनी बहू और बेटी दोनो के लिए अलग अलग हैं ।

પ્રેમની સૌરભ

falguniparikh   196 views   1 month ago

વેલેન્ટાઈડ દે ને અલગ રીતે ઉજવવાનો આનંદ કેવો હોય તે સમજાવતી વાર્તા

કાળા ના ધોળા

pravinakadkia   100 views   1 month ago

પૈસા કમાવા માટે ખોટો રસ્તો ન અપનાવવો એ સમજાવતી એક વાર્તા.

कभी नीम नीम कभी शहद शहद...माँ का जायका

Maneesha Gautam   161 views   1 month ago

हर इंसान का स्वाद सामने वाले इंसान के हिसाब से ,परिस्थिति के अनुसार अलग अलग होता है।

कामवाली बाई के साथ ATM फ्री।

Maneesha Gautam   882 views   1 month ago

मेरी बेटी जाँब करना चाहती है या नही ये मेरी बेटी का निणर्य होगा। जितनी दिन रात की मेहनत एक लड़का इस मुकाम तक पहुँचने के लिए करता है उतनी ही मेरी बेटी ने भी की है. जितनी प्रथानाऐ लड़के के माता पिता ने की है उतनी ही श्रद्धा से हमने भी ऊपर वाले के सामने हाथ जोड़े हैं। कि हमारे बच्चे को सफल करे।

सही फैसला

Kanupriya Gupta   346 views   1 month ago

रिश्तों की कश्मकश को एक नया आयाम देती कहानी जो औरत को अपने पैरों पर खड़े होने और रिश्तो को लेकर लिए गए सही फैसले से जुड़ी हुई है

Equality

shalini   21 views   2 months ago

This is about the voice of girls.. What society thinks of girls and really they feel

ललक

kumarg   268 views   2 months ago

नाक सिकोड़ते हुए बोली "ठीक है कल से कापी पेंसिल लेकर आ जाना। " बड़े ने प्रतिवाद किया "उसमें बहुत खर्चा है ऐसे ही आप जो बोर्ड पर लिखेंगी वही पढ़ लेगा। ज्यादा नहीं पढ़ना है हिसाब बाड़ी लायक पढ़ जाए बस। "

अस्तित्व : women struggle after marriage

kavita   234 views   2 months ago

एक स्त्री के विवाहोपरांत आत्म सम्मान से जुड़े संघर्ष की कहानी और उसमे जीवन साथी की भूमिका

दहलीज का अंतर

kavita   190 views   2 months ago

एक बेटी के बहू बन जाने, का अंतर ..समाज के लोगों के बीच फैला स्त्री के लक्ष्मी स्वरूप का वास्तविक रूप प्रस्तुत करता लेख

फैसला

abhi92dutta   118 views   2 months ago

इंसान और कुत्ते की दोस्ती को सलाम। क्या था वो फैसला

" एक उलझी सी पहेली "

Neha Neh   154 views   2 months ago

एक खूबसूरत सी कहानी जो जरूर आपको कुछ सीखा कर जायेगी।

चुभन

suneel   72 views   3 months ago

आदतन हिकारत से उठी शारदा की नजरें उस महिला के कपड़ो पर गयी। अलग अलग कतरनों को गाँठ बाँध कर बनायी गयी उसकी साड़ी उसके युवा शरीर को ढँकने का असफल प्रयास कर रही थी।

मर्दानी

suneel   177 views   3 months ago

अपनी आरामगाह में धारदार हथियार के प्रवेश से दोनों लड़कियाँ सुन्न थी। पहली लड़की की आँखों में जहाँ डर नजर आ रहा था दूसरी ने शांत होकर अपना सिर गर्भ की दीवार पर टिका दिया।

कर्म का सिद्धांत - Theory of Karma

divyak79   120 views   3 months ago

जन्म के साथ हर जीव सिर्फ कर्म ले कर आया है और मृत्यु के समय कर्म ले कर जाएगा, धन - दौलत - शोहरत सब यही धरा रह जायेगा, बस जाएगी तो सिर्फ दो अटैची - एक काली और एक सफेद...

नया सवेरा

ritumishra20   215 views   3 months ago

हर किसी के जीवन में हर रोज़ एक सवेरा होता है लेकिन एक सवेरा एेसा आया नीलू के जीवन में जिसने उसे उम्मीद की एक नई किरण ही नहीं दी बल्कि उसके बाद उसने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा

माँ मुझे आना है .....

nehabhardwaj123   19 views   3 months ago

एक अजन्मी बच्ची की भावनाएं , जिसे एक लड़की होने के कारण जन्म नहीं लेने दिया गया ....।

A letter to Uncle Justice

preranasinha16   13 views   3 months ago

An open letter to justice from an Indian girl. She writes whatever questions she had to her Justice Uncle regarding women and other issues.